बुधवार, 4 जून 2025

विकसित भारत, विकसित किसान के मंत्र को साकार करने का दायित्व हम सभी पर - विधायक दीपेश साहू

विकसित भारत, विकसित किसान के मंत्र को साकार करने का दायित्व हम सभी पर - विधायक दीपेश साहू 

विकसित कृषि संकल्प अभियान के तहत बेमेतरा में किसान मेला सह संगोष्ठी का आयोजन 

अतिथियों ने किया किसानों को कृषि सामग्रियों का वितरण  
प्रमोद गुप्ता/बेमेतरा 4 जून 2025 - विकसित कृषि संकल्प अभियान के अंतर्गत किसान मेला सह संगोष्ठी का आयोजन आज बेमेतरा के टाउनहॉल कंतेली में किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ क्षेत्रीय विधायक दीपेश साहू एवं विधायक साजा ईश्वर साहू ने माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण कर दीप प्रज्वलित कर किया। 
उप-संचालक कृषि मोरध्वज डडसेना ने स्वागत भाषण में कहा कि विकसित कृषि संकल्प अभियान का उद्देश्य किसानों को नई तकनीक से जोड़ना एवं उनकी आय को दोगुना करना है। उन्होंने जिले की फसल की स्थिति की जानकारी देते हुए बताया कि इस वर्ष बेमेतरा जिले में धान, चना एवं दलहन की फसलें प्रमुखता से ली जा रही हैं। साथ ही उन्होंने बताया कि जिले के किसानों ने पिछले वर्ष की अपेक्षा इस वर्ष अधिक रकबे में खेती की है, जिससे कृषि उत्पादन में बढ़ोतरी की संभावना है। 
विधायक दीपेश साहू ने अपने संबोधन में कहा कि किसान मेला सह संगोष्ठी जैसे आयोजन देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की किसानों के प्रति संवेदनशील सोच का परिणाम हैं। उन्होंने कहा कि किसान देश की रीढ़ हैं और उनकी उन्नति के बिना भारत का विकास संभव नहीं है। श्री साहू ने किसानों से अपील की कि वे अपनी खेती में आधुनिक तकनीकों का उपयोग करें और वैज्ञानिक तरीकों से फसल उत्पादन बढ़ाएँ। 
       श्री साहू ने कहा कि जल संकट को देखते हुए कम पानी वाली फसलें अपनानी चाहिए, जिससे प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण हो सके। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जी के “विकसित भारत, विकसित किसान” के मंत्र को साकार करने का दायित्व हम सभी पर है। उन्होंने कहा कि सरकार किसानों की पीड़ा समझती है और विभिन्न योजनाओं के माध्यम से उन्हें लाभ पहुंचा रही है। उन्होंने किसानों को पेड़ लगाने और जल संरक्षण की शपथ भी दिलाई। 
          विधायक साजा ईश्वर साहू ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संकल्प है कि 2047 तक भारत विकसित राष्ट्र बने। इस लक्ष्य को प्राप्त करने में किसानों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि किसानों को कृषि वैज्ञानिकों के मार्गदर्शन से अपनी खेती में सुधार करना चाहिए। कम पानी की फसलों को अपनाकर वे जल संकट से निपटने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। 
       इस अवसर पर अतिथियों ने किसानों को हस्त चलित स्प्रे, बीज किट आदि का वितरण किया। लोक कलाकारों द्वारा जल संकट और कम पानी की फसल लेने रोचक ढंग से संगीत नृत्य के ज़रिए किसानों को समझाया। 
        कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक प्रवेश वर्मा, कृषि विज्ञान केंद्र के तोषण कुमार ठाकुर और डॉ हेमलता निराला जोशी ने किसानों की खेती किसानी की समस्याओं का समाधान किया। साथ ही खेती किसानी से जुड़ी सावधानियों और धान के बदले कम पानी की फसलों के बारे में विस्तार से बताया। 
           इस अवसर पर जनपद अध्यक्ष बेमेतरा श्रीमती हेमा दिवाकर, जितेंद्र साहू साजा, खोरबहरा राम साहू नवागढ़ सहित कई जनप्रतिनिधि, बड़ी संख्या में किसान एवं अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे। कार्यक्रम में कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को उन्नत बीज, जैविक खेती, फसल सुरक्षा एवं बाजार व्यवस्था की जानकारी दी। 

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