खाद व उर्वरक की कालाबाजारी व अनियमितताओं पर जिला प्रशासन का शिकंजा
बेमेतरा 15 जून 2026 - संचालनालय कृषि छत्तीसगढ़ रायपुर के निर्देशानुसार जिले में उर्वरकों की कालाबाजारी, तस्करी, डायवर्सन, जमाखोरी, अधिक कीमत पर विक्रय, अमानक एवं नकली उर्वरकों की बिक्री पर रोक लगाने के लिए कृषि विभाग द्वारा लगातार निरीक्षण एवं कार्रवाई की जा रही है।
इसी क्रम में उर्वरक निरीक्षक नवागढ़ द्वारा 08 जून 2026 को मेसर्स कृषि विकास केन्द्र ग्राम मानिकपुर विकासखंड नवागढ़ का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान विभिन्न अनियमितताएं पाए जाने पर संबंधित प्रतिष्ठान को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। प्रतिष्ठान द्वारा प्रस्तुत जवाब का परीक्षण करने पर उसे असंतोषजनक पाया गया। इसके पश्चात उर्वरक निरीक्षक एवं सह प्रभारी वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी राकेश कुमार चतुर्वेदी द्वारा मेसर्स कृषि विकास केन्द्र के उर्वरक प्राधिकार पत्र को निलंबित करने की अनुशंसा सहित प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया।
प्रस्ताव के आधार पर प्राधिकृत अधिकारी सह उप संचालक कृषि जिला बेमेतरा मोरध्वज डड़सेना ने उर्वरक (नियंत्रण) आदेश 1985 के खंड 31(क) के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए मेसर्स कृषि विकास केन्द्र ग्राम मानिकपुर विकासखंड नवागढ़ जिला बेमेतरा के उर्वरक प्राधिकार पत्र क्रमांक FBMT542/2025 को 15 दिवस के लिए निलंबित कर दिया है। निलंबन अवधि के दौरान संबंधित प्रतिष्ठान द्वारा उर्वरकों के भंडारण एवं विक्रय संबंधी किसी भी प्रकार की व्यावसायिक गतिविधि संचालित नहीं की जा सकेगी।
कृषि विभाग ने स्पष्ट किया है कि किसानों के हितों की रक्षा एवं गुणवत्तायुक्त उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए जिले में निरीक्षण एवं कार्रवाई की प्रक्रिया आगे भी निरंतर जारी रहेगी।