बाबा गुरु घासीदास जयंती भुरकी में शामिल हुए भाजपा किसान नेता योगेश तिवारी
ग्राम भुरकी जयंती का आयोजन युवराज गुरु धर्मगुरु गुरु सौरभ साहेब के पावन सानिध्य में हुआ संपन्न
प्रमोद गुप्ता/बेमेतरा 30 दिसंबर 2025 - सतनाम पंथ के प्रवर्तक, महान संत, समाज सुधारक एवं मानवता के अमर संदेशवाहक परम पूज्य बाबा गुरु घासीदास की पावन जयंती के अवसर पर ग्राम भुरकी में भव्य धार्मिक, सांस्कृतिक एवं सामाजिक कार्यक्रम का आयोजन श्रद्धा, आस्था, गरिमा और सामाजिक समरसता के साथ किया गया। कार्यक्रम का आयोजन युवराज गुरु धर्मगुरु गुरु सौरभ साहेब के पावन सानिध्य में संपन्न हुआ। जिसमें भाजपा किसान नेता योगेश तिवारी श्रद्धा और सम्मान के साथ शामिल हुए। इस पावन अवसर पर विधायक दीपेश साहू भी शामिल हुए।
कार्यक्रम का शुभारंभ जैतखाम में विधिवत पूजा-अर्चना, दीप प्रज्वलन एवं झंडा चढ़ाकर किया गया। इस दौरान पूरे ग्राम में सतनाम संदेश की गूंज, भक्ति भाव और सामाजिक एकता का वातावरण देखने को मिला, श्रद्धालुओं ने बाबा गुरु घासीदास के चरणों में नमन कर सुख-शांति एवं समाज की उन्नति की कामना की।
इस अवसर पर भाजपा किसान नेता योगेश तिवारी ने अपने संबोधन में कहा कि “बाबा गुरु घासीदास केवल एक संत नहीं, बल्कि सामाजिक क्रांति के अग्रदूत थे। उनका संदेश ‘मनखे-मनखे एक समान’ आज भी समाज को जोड़ने, भेदभाव को समाप्त करने और मानवता को सर्वोपरि रखने की प्रेरणा देता है।” उन्होंने आगे कहा कि बाबा गुरु घासीदास ने सत्य, अहिंसा, सादगी और परिश्रम के माध्यम से समाज को नई दिशा दी। आज जब समाज अनेक चुनौतियों से जूझ रहा है, तब बाबा जी के विचार पहले से कहीं अधिक प्रासंगिक हो गए हैं। उन्होंने सतनामी समाज की एकता, अनुशासन और सामाजिक चेतना की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह समाज हमेशा सेवा, सद्भाव और समरसता की मिसाल रहा है। किसान नेता योगेश तिवारी ने आगे कहा कि किसान, श्रमिक और मेहनतकश वर्ग ही समाज की असली ताकत हैं और बाबा गुरु घासीदास का पूरा जीवन इन्हीं मूल्यों पर आधारित रहा। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे नशा, हिंसा और भेदभाव से दूर रहकर बाबा जी के बताए मार्ग पर चलें और समाज को सकारात्मक दिशा दें।
ग्राम भुरकी जयंती समारोह में सरपंच प्रमिला रमेश टंडन, भागीरथी साहू कंतेली सेवा सहकारी समिति अध्यक्ष, रमेश टंडन, ठाकुर प्रसाद जोशी, राजलाल बाजरे, भुवन दास जांगड़े, मालिकराम, नारायण डहरिया, नैनदास कुर्रे, जागेश्वर कुर्रे, साहेबदास, द्वारिका प्रसाद, क्रांति बाई सहित समाज के वरिष्ठजन, जन प्रतिनिधि, सतनामी समाज के पदाधिकारी, मातृशक्ति, युवा वर्ग एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने भी सभी का मन मोह लिया। आयोजन समिति एवं ग्रामवासियों द्वारा किए गए सुव्यवस्थित आयोजन की सभी अतिथियों ने सराहना की। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी लोगों ने बाबा गुरु घासीदास के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने, समाज में समानता, भाईचारा एवं सौहार्द बनाए रखने का सामूहिक संकल्प लिया।