निर्धन परिवारों के आर्थिक स्वावलंबन की राह में अभिनव पहल - विधायक दीपेश साहू

भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को मिलेगा आर्थिक संबल - कलेक्टर सुश्री प्रतिष्ठा ममगाई 

बेमेतरा जिले के 19113 हितग्राहियों को 19.1130 करोड़ रुपए अंतरित, खातों में पहुंची राशि 

भूमिहीन कृषि मजदूरों को मिला आर्थिक संबल, हितग्राहियों के चेहरों पर मुस्कान, सरकार ने पहुंचाई सीधी मदद 
बेमेतरा 25 मार्च 2026 - निर्धन और भूमिहीन कृषि मज़दूर परिवारों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मज़दूर कल्याण योजना एक महत्वपूर्ण और अभिनव पहल के रूप में सामने आ रही है। इसी कड़ी में बलौदा बाजार-भाटापारा जिले में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने योजना के हितग्राहियों के खातों में राशि अंतरित की। जिला मुख्यालय मे कलेक्टरेट के दिशा सभाकक्ष मे कार्यक्रम का आयोजन किया गया। 

जिले के 19113 हितग्राहियों को 19.1130 करोड़ रुपए अंतरित 
जिला बेमेतरा के कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित कार्यक्रम के दौरान जिले के 19113 चिन्हित हितग्राहियों के खातों में कुल 19 करोड़ 11 लाख 30 हजार रुपए की राशि सीधे डीबीटी के माध्यम से अंतरित की गई। कार्यक्रम में प्रतीक स्वरूप जिले के 5 हितग्राहियों को अंतरित राशि का प्रमाण पत्र भी भेंट किया गया। इस दौरान प्रशासनिक अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में हितग्राहियों में उत्साह का वातावरण देखा गया। 

आर्थिक स्वावलंबन और खुशहाली के लिए संचालित की जा रही योजना - विधायक 
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक दीपेश साहू ने कहा कि दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मज़दूर कल्याण योजना निर्धन परिवारों के आर्थिक स्वावलंबन और उनके जीवन में खुशहाली लाने के उद्देश्य से संचालित की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में राज्य और केंद्र सरकार समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े लोगों की चिंता करते हुए लगातार योजनाएं संचालित कर रही हैं। उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय की सोच हमेशा समाज के अंतिम व्यक्ति को मुख्यधारा से जोड़ने की रही है और यह योजना उसी सोच का परिणाम है। योजना से मिलने वाली राशि से भूमिहीन कृषक और मज़दूर परिवार अपने जीवन स्तर को बेहतर बना सकेंगे। 

भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को मिलेगा आर्थिक संबल - कलेक्टर 
इस अवसर पर कलेक्टर सुश्री प्रतिष्ठा ममगाईं ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक रूप से कमजोर और भूमिहीन परिवारों को संबल देने की दिशा में यह योजना एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि योजना का मुख्य उद्देश्य ऐसे कृषि मजदूरों को वित्तीय सहायता प्रदान करना है जिनके पास अपनी खेती योग्य भूमि नहीं है और जो पूरी तरह दूसरों के खेतों में मजदूरी पर निर्भर रहते हैं। उन्होंने कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था में कृषि मजदूरों की भूमिका रीढ़ की हड्डी के समान होती है, लेकिन भूमिहीन होने के कारण वे अक्सर असुरक्षित स्थिति में रहते हैं। ऐसे परिवारों को समाज की मुख्यधारा से जोड़कर उनके जीवन में खुशहाली और तरक्की लाने की दिशा में यह योजना सार्थक साबित होगी। 

पात्र हितग्राहियों को हर वर्ष मिलेंगे 10 हजार रुपए 
उल्लेखनीय है कि दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत पात्र हितग्राहियों को सरकार द्वारा प्रति वर्ष 10 हजार रुपए की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खाते में प्रदान की जाएगी। योजना के लागू होने से ऐसे परिवारों के जीवन स्तर में सुधार होगा और वे अपनी बुनियादी आवश्यकताओं को पूरा कर सकेंगे। साथ ही स्थानीय स्तर पर आर्थिक सहायता मिलने से मजदूरों के शहरों की ओर पलायन पर भी रोक लगेगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। 

नवागढ़, बेरला, साजा सहित सभी विकासखंडों में आयोजित हुए कार्यक्रम 
आज अनुविभाग नवागढ़ अंतर्गत नवागढ़ तहसील में मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति में दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत हितग्राहियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। इसी प्रकार बेरला, साजा, बेमेतरा, नवागढ़ और जिले के अन्य विकासखंडों में भी कार्यक्रम आयोजित कर हितग्राहियों को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में आयोजित इन कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में हितग्राही, ग्रामीणजन और किसान भाई उपस्थित रहे। 

जनप्रतिनिधि और अधिकारी रहे उपस्थित 
कार्यक्रम में कलेक्टर सुश्री प्रतिष्ठा ममगाईं, एसएसपी रामकृष्ण साहू, जिला पंचायत सीईओ प्रेमलता पद्माकर, जनपद अध्यक्ष बेमेतरा हेमा दिवाकर, नगर पालिका अध्यक्ष विजय सिन्हा, वरिष्ठ जनप्रतिनिधि अजय साहू, राजेंद्र शर्मा, राज्य किसान मोर्चा अध्यक्ष हर्षवर्धन सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी और किसान उपस्थित रहे।