गैर-संचारी रोगों, कैंसर, एनीमिया, टीबी, सिकल सेल रोग और मातृ स्वास्थ्य की जांच, साथ ही जागरूकता और परामर्श सत्र भी आयोजित
प्रमोद गुप्ता/बेमेतरा 15 सितम्बर 2025 - महिलाओं को विशेष स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्वस्थ नारी सशक्त परिवार अभियान 17 सितम्बर से 2 अक्टूबर तक चलाया जाएगा। जिला चिकित्सालय, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के साथ आयुष्मान आरोग्य मंदिर में स्वास्थ्य परीक्षण होगा। भारत सरकार स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय दिल्ली के निर्देशानुसार एवं संचालनालय स्वास्थ्य सेवाएं छत्तीसगढ़ आदेश के परिपालन में कलेक्टर रणबीर शर्मा के मार्गदर्शन एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ अमृत लाल रोहलेडर के देखरेख में बेमेतरा जिले में दिनांक 17 सितंबर से 2 अक्टूबर तक महिलाओं के स्वास्थ्य पर केन्द्रित अभियान चलाई जाएगी, यह एक स्वस्थ नारी के विषय पर महिलाओं में जागृति अभियान है, अगर घर में नारी स्वस्थ रहेगी तभी हम स्वस्थ परिवार और सशक्त परिवार की परिकल्पना कर पाएंगे, घर में अगर नारी स्वस्थ नहीं रहेगी तब उस घर की परिवार की पूरी व्यवस्थाएं चरमरा जाती, ऐसे परिवार आप अपने आस पास में देख सकते है, स्वस्थ बालिका होने पर ही स्वस्थ महिला बन सकती है और स्वस्थ नारी बनने पर ही एक स्वस्थ परिवार सशक्त परिवार, मजबूत परिवार या फिर शक्तिशाली परिवार बना पाएंगे परिवार के स्वस्थ या सुदृढ़ परिवार होने पर सुदृढ़ समाज और सुदृढ़ देश की परिकल्पना कर सकते है इस अभियान के अंतर्गत किशोरी बालिका से लेकर उम्र दराज महिलाओं को जागरूक करने का अवसर है। हमे प्रयास करना है कि ज्यादा से ज्यादा किशोरी बालिकाओं को जागरूक कर सके।
इस अभियान में जो जागरूकता अभियान और जांच की जानी है वे निम्नानुसार है -
किशोरी बालिकाओं में एनीमिया या खून की कमी की जांच करना, सिकल सेल की जांच करना, मेंस्ट्रुअल हाइजीन के बारे में जानकारी देना, इनकी टीकाकरण के बारे में बताना, पोषण आहार के बारे में बालिकाओं को बताना की संतुलित आहार का क्या महत्व है, यदि शरीर में खून की कमी होने पर कैसे आयरन फोलिक एसिड की गोली से कैसे पूर्ति करते के बारे में अवगत कराना, खून की कमी के कारणों के बारे में बताना WIFS क्या है, कहा मिलती है, कब खायेंगे, कहा और कैसे मिलेगी के बारे में बताया जाना है। इनके आयुष्मान कार्ड नहीं बने हो तो आयुष्मान कार्ड भी बनाएंगे, यदि सिकल से की जांच में SS या बीमार कैटिगरी के सिकलिंग होने पर इनका उपचार सहित यूनिक आईडी बनवाना आदि ऐसे ही इनके ऊपर के सभी महिलाओं को लाभान्वित करना है। जिन महिलाओं में कोई असंक्रामक बीमारी तो नहीं है, इसका भी पता लगाना है। जिनका स्क्रीनिंग अभी तक नहीं हुआ है, उन सबकी स्क्रीनिंग करना है। जिसमे उच्चारक्त चाप, मधुमेह और कैंसर की बीमारी (स्तन कैंसर और सर्वाइकल कैंसर मुख्य है) की जांच करनी है, इसे कैसे बचेंगे, इसके बारे में जानकारी देने है। स्वस्थ जीवन शैली के महत्व बताएंगे, इसके साथ संक्रामक बीमारी जिसमे टीबी और कुष्ठ है इसकी भी स्क्रीनिंग करेंगे, अगर कोई गर्भवती माता है तो उसे उसके गर्भावस्था में कोई खतरे के संकेत तो नहीं की जांच कर चिन्हांकित करेंगे और अगर हाई रिस्क ग्रुप में होंगे तो उसकी काउंसलिंग करके सुरक्षित प्रसव कराने के लिए प्रोत्साहित करेंगे और उन्हें आवश्यक मदद करेंगे, अगर किसी महिला को मानसिक स्वास्थ्य से संबंधित कोई समस्या होगी भी उनको आवश्यक काउंसलिंग करके सहयोग प्रदान करेंगे। इस उम्र के महिलाओं में अगर किसी का आयुष्मान कार्ड नहीं बना होगा तो उनका आयुष्मान कार्ड बनाएंगे। सभी का आभा आईडी बनाएंगे। अगर कोई महिला टीबी के पीड़ित होंगे तो उसके लिए निश्चय मित्र बनाएंगे। दिनांक 17 से 2 अक्टूबर के बीच कई प्रकार की महिलाओं के स्वास्थ्य सम्बन्धित गतिविधियों होगी है। 17 अक्टूबर को ब्लड डोनेशन कैंप लगेगी, इसी तारीख को विभिन्न आयुष्मान आरोग्य मंदिर में स्क्रीनिंग कैंप का आयोजन करेंगे जिसमें सरकारी विभाग में कार्यरत अधिकारी कर्मचारी, शिक्षिका, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका स्टाफ नर्सेस, स्वास्थ्य संयोजक महिला, स्व सहायता समूह के सदस्य, महिला प्रतिनिधि, जिसमे महिला पंच, सरपंच, महिला जनपद सदस्य, जिला पंचायत सदस्य आदि सभी की स्क्रीनिंग की जाएगी। जांच उपरांत सबकी जानकारी एकत्र करके पोर्टल में इंट्री की जाएगी। इसी के साथ अलग अलग वार्डो के महिलाओं का जिनका स्क्रीनिंग अभी तक नहीं हुआ है, उनका स्क्रीनिंग करना है। इन सभी को वेलनेस एक्टिविटी के बारे में बताना, स्वस्थ जीवन शैली के बारे में बताना है। किशोरी बालिकाओं की स्क्रीनिंग के लिए मिडिल स्कूल, हाईंस्कूल के बालिकाओं की स्क्रीनिंग करना है और मेंस्ट्रुअल हाइजीन के बारे जानकारी देकर बालिकाओं को सुदृढ़, मजबूत करने की आधारशिला रखनी है, क्योंकि इसी उम्र में बालिकाओं को जागरूक करेंगे तब इनकी प्रचार प्रसार परिवार समाज तक जाएगी। जरूरत के हिसाब से महिलाओं को परिवार नियोजन कार्यक्रम के अंतर्गत अस्थाई संसाधन उपलब्ध कराएंगे, यही नहीं बल्कि महिलाओं के लिए आयुष विभाग भी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। महिला एवं बाल विकाश विभाग से समन्वय करके पोषण अभियान को मिलकर कर संपादित होगा, ट्राइबल विभाग से समन्वय करके विभिन्न छात्रावास/आश्रम के बालिकाओं का भी स्वास्थ्य परीक्षण होगा, स्कूल विभाग से भी समन्वय करके स्कूल के साथ स्वसहायता समूह के सदस्यों का स्वास्थ्य परीक्षण किया जाएगा तथा गांव एवं नगरीय क्षेत्रों में सफाई कर्मी जो महिला है उनका भी स्क्रीनिंग किया जाना प्रस्तावित है। उपरोक्त कार्य को चरण बद्ध ढंग से संपादित किया जाएगा, इस अभियान में जनप्रतिनिधियों का भी भागीदारी हो उनका भी पूरा पूरा सहयोग लेना सभी की उपस्थिति कैंप में हो ऐसा भी सुनिश्चित किया जाना यह अभियान तभी सफल होगी। जब सभी विभागों की सहयोग मिले, सभी समाज से सहयोग मिले ज्यादा से ज्यादा महिलाओं की उपस्थिति हो और सबकी जांच स्क्रीनिंग हो सके। अगर कोई महिला किसी बीमारी से पीड़ित पाए जाते है, तब उसकी उपचार की नियमित प्रबंधन भी हो तब जाकर एक सुदृढ़ परिवार या मजबूत परिवार की परिकल्पना पूरी हो सकेगी और परिवार सुदृढ़ होगी तभी प्रदेश और देश सुदृढ़ होगी तब कही जाकर देश मजबूत होगी। आइए सब मिल कर स्वस्थ नारी सशक्त परिवार बनाए और देश को मजबूती प्रदान करे।