पंडित देवी प्रसाद चौबे शासकीय महाविद्यालय में छात्र-छात्राएं मूलभूत सुविधाओं से वंचित, जल्द समाधान नहीं होने पर एनएसयूआई करेगा आंदोलन - एनएसयूआई अध्यक्ष योगेश वर्मा

साजा कालेज में हैं पेयजल, शौचालय, बैठक व्यवस्था, पुस्तकालय, साफ-सफाई तथा अन्य बुनियादी सुविधाओं की लंबे समय से कमी, प्रबंधन नहीं दे रहा ध्यान 
बेमेतरा 14 जून 2026 - पंडित देवी प्रसाद चौबे शासकीय महाविद्यालय साजा में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को आज भी अनेक मूलभूत सुविधाओं के अभाव में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में एनएसयूआई महाविद्यालय अध्यक्ष योगेश वर्मा ने महाविद्यालय प्रशासन एवं उच्च शिक्षा विभाग का ध्यान आकर्षित करते हुए विद्यार्थियों की समस्याओं के त्वरित निराकरण की मांग की है। 
           अध्यक्ष योगेश वर्मा ने बताया कि महाविद्यालय में पेयजल, स्वच्छ शौचालय, पर्याप्त बैठने की व्यवस्था, पुस्तकालय में आवश्यक पुस्तकों की उपलब्धता, परिसर की साफ-सफाई तथा अन्य बुनियादी सुविधाओं की कमी लंबे समय से बनी हुई है। इन समस्याओं के कारण छात्र-छात्राओं को प्रतिदिन कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है तथा उनकी पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। 
   उन्होंने कहा कि हेमचंद यादव विश्वविद्यालय दुर्ग Hemchand Yadav Vishwa vidyalaya के अंतर्गत संचालित महाविद्यालयों में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए प्रवेश प्रक्रिया 16 जून 2026 से प्रारंभ होने जा रही है। ऐसे समय में जब नए विद्यार्थियों का प्रवेश होने वाला है, महाविद्यालय में मूलभूत सुविधाओं का अभाव गंभीर चिंता का विषय है। यदि समय रहते इन समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो नए एवं वर्तमान विद्यार्थियों को भारी असुविधाओं का सामना करना पड़ेगा। 
     उन्होंने प्रश्न उठाया कि आखिर इन मूलभूत समस्याओं के बीच महाविद्यालय का संचालन सुचारू रूप से कैसे होगा और विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण कैसे उपलब्ध कराया जाएगा। 
   एनएसयूआई अध्यक्ष योगेश वर्मा ने मांग की है कि प्रवेश प्रक्रिया प्रारंभ होने से पूर्व महाविद्यालय में पेयजल, शौचालय, बैठने की व्यवस्था, स्वच्छता एवं अन्य आवश्यक सुविधाओं को दुरुस्त किया जाए, ताकि विद्यार्थियों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
    उन्होंने चेतावनी दी कि यदि विद्यार्थियों की समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो एनएसयूआई छात्रहित में लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी।