सीबीएसई शिक्षा के लिए पालक जागरूक हो रहे हैं, यह जानकार मुझे प्रसन्नता हो रही - जिला शिक्षा अधिकारी जीआर चतुर्वेदी
प्रमोद गुप्ता/बेमेतरा 18 अक्टूबर 2025 - डीएवी मुख्यमंत्री पब्लिक स्कूल जांता में दीपोत्सव का आयोजन कर त्यौहार मनाया गया। दीपोत्सव के जश्न में बच्चे सराबोर नज़र आए। मुख्यातिथि जिला शिक्षा अधिकारी जीआर चतुर्वेदी व विशिष्ट अतिथि डीएमसी समग्र शिक्षा राजकुमार वर्मा व खिरामन वर्मा उपस्थित रहें। विशेष अतिथि जनपद पंचायत सदस्य मीनाक्षी दानी चंद्राकर व ग्राम पंचायत जांता सरपंच पूजा देवव्रत मिश्रा उपस्थित रहें।
गौरतलब है कि बच्चों के सर्वांगीण विकास के तहत उनके सांस्कृतिक भावों को भी दृष्टिगत रखते हुए डीएवी विद्यालय हमेशा से अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन किया है। दीपावली पर्व के अवसर पर विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर शानदार व बालकेंद्रित विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन हुआ। बच्चे बेहद उत्साहित नजर आए व कलात्मक हुनर का लाजवाब प्रदर्शन भी किए।
दीपोत्सव के उपलक्ष्य में विद्यालय में दीपावली उत्सव का भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम व विभिन्न प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। संस्था के प्राचार्य पीएल जायसवाल ने विस्तृत जानकारी साझा किया करते हुए उद्बोधन में कहां कि जब एक दीये से दूसरा दीया रौशन किया जाता है, तो पहला दीया बुझता नहीं, बल्कि दोनों मिलकर रोशनी को और भी बढ़ा देते हैं। इसी तरह हमे भी एक-दूसरे का साथ निभाते हुए अपने साथ-साथ समाज और राष्ट्र को भी रोशन करना होगा। हम सबका एक ही उद्देश्य हो व हम अंधेरे से प्रकाश की तरफ बढ़ना सीखें यह ही हमारा वास्तविक लक्ष्य होना चाहिए। दीपोत्सव के उपलक्ष्य में सर्वप्रथम ओउम मन्त्र, गायत्री मंत्र व डीएवी गान के साथ दीपप्रज्वलन करके कार्यक्रम का शुभारंभ कर अनेकों प्रतियोगिता जैसे रंगोली प्रतियोगिता, बैनर पोस्टर, पेंटिंग, ग्रीटिंग कार्ड, दिया-थाली सजाओं, तोरण सजाओ, कक्षा सजाओ, हाऊस बोर्ड डेकोरेशन आदि का प्रतियोगिता में बच्चों ने क्रियात्मक गतिविधियाँ सीखे। दीपोत्सव के सबसे आकर्षक का केंद्र रहा गौरा-गौरी की झाँकी, लक्ष्मी पूजा झाँकी, नृत्य की प्रस्तुति व राम आएंगे में भगवान राम, लक्ष्मण, सीता, हनुमान बने झाँकी ने सबके मन को मोह लिया। इस भव्य आयोजन में अभिभावको ने भी बढ़-चढ़ कर भाग लेकर कार्यक्रम का आनंद लिए। साथ ही विभिन्न सामुहिक नृत्य प्रतियोगिता हुए, जिसमें सुवा नृत्य, रावत नाचा, सरगुजा व बस्तरिया नृत्य सहित छत्तीसगढ़ के विभिन्न पारंपरिक गीतों, लोक नृत्य और लोक गीतों पर नन्हे मुन्ने बच्चों ने प्रस्तुति दिया। जिसमे रंगोली प्रतियोगिता, दिया थाली सजावट, तोरण प्रतियोगिता में भाग लिए। सभी प्रतिभागियों को जिला शिक्षा अधिकारी ने अपने कर कमलों से सर्टिफिकेट देकर पुरुस्कृत किए।
जिला शिक्षा अधिकारी जीआर चतुर्वेदी ने उद्बोधन में बताया कि वास्तव में जिला में डीएवी मुख्यमंत्री एक अनोखा वरदान साबित होते जा रहा है व यहां संस्था में पढ़ाई के साथ-साथ विभिन्न क्रियात्मक व गतिविधियाँ पूर्ण पढ़ाई के साथ-साथ खेलों में भी राष्ट्रीय स्तर तक व विज्ञान के क्षेत्र में भी राष्ट्रीय स्तर तक बच्चे यहाँ के पहुँच रहे हैं। मैं आज सभी को पुरस्कृत करते हुए हर्षित हो हूँ। साथ ही सीबीएसई शिक्षा के लिए यहाँ पालक जागरूक हो रहे हैं, ये जानकार मुझे प्रसन्नता हो रही हैं। विद्यालय में इस तरह के आयोजन में मैं हमेशा आता रहूंगा और स्कूल के विकास में मेरा पूर्ण सहयोग रहेगा।
इस तरह डीएमसी राजकुमार ने भी स्कूल को अपना परिवार बताते हुए बताया कि वास्तव में मैं स्कूल से लंबे समय से जुड़ा हुआ हूं और स्कूल में बहुत ही सराहनीय कार्य होते आ रहा है और निश्चित ही यह डीएवी मुख्यमंत्री स्कूल हमारे क्षेत्र का नाम रोशन कर रहा है यह ख़ुशी है। संस्था के शिक्षकगण ललित देवांगन, गोविंद साहू, अखिलेश पटेल, अनिल चंद्रवंश, आयुषी जैन, दीपिका वर्मा, विमल साहू, ऐश्वर्य देशमुख, साक्षी शर्मा, संदीप साहू, ममता चंद्राकर, अमित कुमार साहू, अभिषेक दुबे, प्रवीण कुमार, शोभा रानी, पूनम शर्मा, रेणुका पटेल, रितिका साहू, राजा तंतुवाय, लेखनी चंद्राकर, प्रीति यादव, माननी, स्वप्निल शर्मा, आर्य निधि, गौरी यादव, भारती, अनिल कुमार, कैलाश सिंह, अन्नू चन्द्रकाकर, सुखदेव साहू, रूखमणी, रामेश्वरी, युवराज चंद्राकर, नरेश, विजय चंद्राकर, सुभाष आदि ने कार्यक्रम को सफल बनाए।